
बसपा नेता के.पी. राठौर नजरबंदी से रिहाः पुलिसकर्मी को सौंपा ज्ञापन
अन्याय के विरूद्ध जारी रहेगा संघर्ष-के.पी. राठौर
बस्ती। बहुजन समाज पार्टी के पूर्व मण्डल प्रभारी एवं विधानसभा संयोजक मुस्लिम भाई चारा कमेटी के.पी. राठौर को हर्रैया में आयोजित मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कार्यक्रम सम्पन्न होने के बाद उन्हें नजरबंदी से मुक्त कर दिया गया।
के.पी. राठौर मुख्यमंत्री की जनपद यात्रा के दौरान मिलकर जनपद की समस्याओं, कानून व्यवस्था, ऐथनाल फैक्ट्री, लालगंज के सिद्धनाथ गांव में मासूम दलित बेटी की हत्या, मेहनौना में लक्ष्मण निषाद की हत्या, मुण्डेरवा थाना क्षेत्र के जोगिया में हुई मौत सहित अन्य मामलों को लेकर ज्ञापन देना चाहते थे। जैसे ही प्रशासन को इसकी जानकारी मिली नगर थाने की पुलिस ने के.पी. राठौर को उनके घर महादेवा विधानसभा क्षेत्र के सिसवारी रघुवीर सिंह में नजरबंद कर लिया। उन्हे मुख्यमंत्री का कार्यक्रम सम्पन्न होने के बाद छोड़ दिया गया।
बसपा नेता के.पी. राठौर ने बताया कि जनपद में जघन्य हत्या, लूट सहित अनेक गंभीर मामलों एवं शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, बढती मंहगाई को लेकर वे निरन्तर संघर्ष कर रहें है किन्तु न्याय नहीं मिल पा रहा है। वे मुख्यमंत्री को जो ज्ञापन देना चाहते थे उसे नजरबंद करने आये पुलिस कर्मी को इस आशय से सौंपा कि उनकी मांग मुख्यमंत्री तक पहुंच जाय।
प्रेस को जारी विज्ञप्ति के माध्यम से बसपा नेता के.पी. राठौर ने कहा कि मुख्यमंत्री सबके हैं, अच्छा होता कि कार्येक्रम के दौरान कम से कम विपक्षी दलों के नेताओं को उनसे मिलने दिया जाता और उनकी बात सुनी जाती। लोकतंत्र में विपक्षी दलों के नेताओं को नजरबंद कर देने का तरीका ठीक नहीं है। कहा कि जनहित के सवालों को लेकर उनका संघर्ष जारी रहेगा।





