
रुधौली में खाद संकट पर बोले भावी प्रत्याशी मनोज चौधरी, कालाबाजारी रोकने की मांग
खाद का संकट गहरा, किसानों की परेशानियां बढ़ीं — मनोज चौधरी ने की कड़ी कार्रवाई की मांग
बस्ती। विधानसभा 309 रुधौली के भावी प्रत्याशी मनोज चौधरी ने क्षेत्र में बढ़ती खाद समस्या को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में किसान खाद की किल्लत से बेहद परेशान हैं और बाजार में उपलब्धता कम होने के कारण कालाबाजारी बढ़ रही है। ऐसे में प्रशासन को तत्काल कठोर कार्रवाई करते हुए इस संकट को दूर करना चाहिए, ताकि किसान समय पर आवश्यक खाद प्राप्त कर सकें और उनकी फसलों पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
मनोज चौधरी ने कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य राजनीति नहीं, बल्कि समाजसेवा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में वे उसी दल से चुनाव लड़ेंगे, जो उन्हें टिकट देगा। उनका कहना है कि राजनीति का मार्ग उनके लिए समाज की सेवा का माध्यम है और वे किसानों, गरीबों और वंचित वर्गों की आवाज मजबूती से उठाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान विधायक और पूर्व विधायकों ने किसानों की समस्याओं की ओर गंभीरता से ध्यान नहीं दिया। क्षेत्र के किसान सालों से खाद, सिंचाई और कृषि उपकरणों की समस्या से जूझ रहे हैं, लेकिन कोई ठोस पहल नहीं की गई। इस कारण किसानों की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है।
मनोज चौधरी ने विशेष रूप से कुर्मी समुदाय के किसानों की स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि विडंबना यह है कि वर्तमान समय में क्षेत्र में सांसद, विधायक समेत चार कुर्मी नेता जनप्रतिनिधि के रूप में मौजूद हैं, लेकिन फिर भी कुर्मी किसानों के हालात नहीं सुधर पाए हैं। उन्होंने कहा कि यदि प्रतिनिधि अपनी जाति के किसानों की समस्याओं को भी सही तरीके से न समझें और उनका निराकरण न करें, तो यह किसानों के लिए और भी निराशाजनक स्थिति है।
उन्होंने आगे कहा कि क्षेत्र में खाद वितरण को पारदर्शी बनाने, गोदामों की निगरानी बढ़ाने और किसानों को समय से खाद उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन को तुरंत कदम उठाने चाहिए। साथ ही, किसानों को जागरूक करना भी जरूरी है ताकि वे किसी भी प्रकार की कालाबाजारी का शिकार न हों।
मनोज चौधरी ने भरोसा जताया कि यदि जनता उन्हें मौका देती है, तो वे क्षेत्र के किसानों, नौजवानों और आम जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के साथ करेंगे और रुधौली विधानसभा को विकास के नए मार्ग पर ले जाएंगे।





